जिमीकंद (सुरन) खाने के अद्भुत फायदे और स्वास्थ्य लाभ | Elephant Foot Yam Benefits

By - Desh Mirror News Desk
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 सुरन, जिसे जिमीकंद या 'एलिफेंट फुट याम' (Elephant Foot Yam) के नाम से भी जाना जाता है, भारतीय रसोई का एक ऐसा अनमोल खजाना है जिसकी अक्सर हम अनदेखी कर देते हैं। दिखने में भले ही यह बहुत साधारण और थोड़ा सख्त सा कंद नजर आए, लेकिन जब इसे सही मसालों के साथ बनाया जाता है, तो इसका स्वाद किसी भी दावत का दिल जीत सकता है। आयुर्वेद और आधुनिक विज्ञान दोनों में ही जिमीकंद को सेहत का पावरहाउस माना गया है। अगर आप इसे अपनी नियमित डाइट में शामिल करते हैं, तो यह आपके शरीर को अंदर से इतना मजबूत बना देता है कि कई गंभीर बीमारियां आपसे कोसों दूर रहती हैं।



अगर सेहत के दृष्टिकोण से देखा जाए तो एलिफेंट फुट में फाइबर, पोटैशियम, मैग्नीशियम, विटामिन बी6 और प्रचुर मात्रा में एंटी-ऑक्सीडेंट्स पाए जाते हैं। जिन लोगों को अक्सर कब्ज, गैस या अपच की परेशानी रहती है, उनके लिए जिमीकंद की सब्जी किसी रामबाण दवा से कम नहीं है। इसमें मौजूद फाइबर पाचन तंत्र को एकदम दुरुस्त रखता है और आंतों की सफाई करने में मदद करता है। बवासीर (पाइल्स) की समस्या से जूझ रहे लोगों के लिए भी आयुर्वेद में सुरन के सेवन की विशेष सलाह दी जाती है, क्योंकि यह पेट के निचले हिस्से के दबाव को कम करके राहत पहुंचाता है।

आजकल की बिगड़ती जीवनशैली में वजन और ब्लड शुगर को कंट्रोल रखना एक बड़ी चुनौती बन गया है। एलिफेंट फुट का ग्लाइसेमिक इंडेक्स काफी कम होता है, जिसका मतलब है कि यह खून में शुगर के स्तर को अचानक नहीं बढ़ाता। इसलिए डायबिटीज के मरीज बिना किसी झिझक के इसे अपनी थाली का हिस्सा बना सकते हैं। साथ ही, इसे खाने के बाद लंबे समय तक पेट भरा हुआ महसूस होता है, जिससे बेवजह स्नैकिंग करने की आदत छूट जाती है और वजन नियंत्रित करने में काफी मदद मिलती है। इसके अलावा, इसमें मौजूद ओमेगा-3 फैटी एसिड और बैड कोलेस्ट्रॉल को कम करने वाले गुण हमारे दिल को भी सेहतमंद और बीमारियों से सुरक्षित रखते हैं।

सुरन की सब्जी बनाते समय बस एक छोटी सी सावधानी रखनी होती है, क्योंकि कई बार इसे काटते या खाते वक्त गले और हाथों में हल्की खुजली महसूस होती है। इसका कारण इसमें मौजूद कैल्शियम ऑक्सलेट के कण होते हैं। इससे बचने का सबसे आसान और पारंपरिक तरीका यह है कि जिमीकंद को काटने से पहले हाथों में थोड़ा सा सरसों का तेल या नींबू का रस लगा लें। पकाते समय इसे उबालकर इसका पानी फेंक दें और सब्जी में अमचूर पाउडर, इमली का पल्प या नींबू का रस जैसी थोड़ी खटास जरूर मिलाएं। इससे खुजली पूरी तरह खत्म हो जाती है और सब्जी का स्वाद भी बेहद लाजवाब आता है। आप इसे मसालेदार ग्रेवी, सूखी फ्राई सब्जी या फिर भरते के रूप में बनाकर गरम-गरम रोटी या चावल के साथ मजे से खा सकते हैं

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